क्या आपके घर वालों या आपके साथी को इस बात की शिकायत रहती है कि आपके खर्राटों से उन लोगों की नींद खराब हो रही है? खर्राटे लेने वाले लोगों के बगल में सोने पर ऐसा लगता है जैसे आप किसी शोर-शराबे वाली जगह पर सो रहे हों|

खर्राटे लेने के कारण आपकी नींद टूटती रहती है, जिससे पूरा दिन आपको नींद पूरी न होने का आभास होता है| अगर आप पूरी रात खर्राटे लेते हैं और आपके अगल-बगल सोने वाले लोग बार-बार जागते हैं, तो ऐसे में उन लोगों की भी नींद पूरी नहीं हो पाती है|

Advertisements

पूरे दिन की थकान के कारण अधिक खर्राटे लेना या लगातार खर्राटे लेना स्लीप एप्निया में रुकावट आने का संकेत होता है| किसी व्यक्ति को सांस लेने में तकलीफ होने को स्लीप एप्निया कहा जाता है| इसके कारण खर्राटों में कम्पन होता है| ऐसे में व्यक्ति रात को अचानक से कई बार जाग जाता है और कभी-कभी तो व्यक्ति को पता भी नहीं चलता कि उसकी नींद टूट रही है|

खर्राटे दूर करने के लिए घरेलू इलाज

खर्राटे लेने के कई अन्य कारण भी हो सकते हैं; जैसे आपके गले की मांसपेशियाँ रात में आराम करती हैं और सांस लेने में रुकावट होना| बंद नाक से भी सांस लेने में दिक्कत होती है| कभी-कभी बढ़ती उम्र भी खर्राटे लेने की समस्या हो सकती है क्योंकि बढ़ती उम्र के साथ-साथ नाक का मार्ग भी संकरा होता जाता है| स्वास्थ्य की कुछ स्थितियों के कारण भी आप खर्राटे लेने लगते हैं|

इन सभी कारणों में कोई भी उपचार काम नहीं आता है| इसके बेहतर घरेलू उपचार के लिए सबसे पहले खर्राटे आने का कारण पता होना चाहिए| आप खर्राटे आने के कारणों की एक लिस्ट (सूची) बना सकते हैं| अगर आपको खर्राटे आने का कारण नहीं पता चल पा रहा है, तो आपको अलग-अलग उपचारों को अपनाना चाहिए|

Advertisements

यहाँ खर्राटे बंद करने के उपाय बताये जा रहे हैं, जिनके नियमित इस्तेमाल से आपके खर्राटे आसानी से बंद हो जायेंगे|

विधि 1: नाक को साफ करना

आम तौर पर गले की मांसपेशियों को रात में आराम मिलता है, जिससे साँस लेने का मार्ग थोड़ा संकरा/पतला हो जाता है| अगर आपको बंद नाक की परेशानी है, तो इससे रात में आपको और भी तकलीफ हो सकती है| सांस लेने में ताकत लगने पर खर्राटों में कम्पन होने लगता है, जिससे खर्राटे और भी तेज हो जाते हैं|

नाक को साफ रखने से आप आसानी से सांस ले सकते हैं और खर्राटों से निजात मिलता है| नेटी पॉट (बर्तन) से जलनेति करने से आपके खर्राटे बंद हो जायेंगे|

# नेटी पॉट (बर्तन) का इस्तेमाल

जलनेति या नमक के पानी से नाक की सफाई करने से साइनस में आराम मिलता है| इसमें नमक के पानी से साइनस को साफ़ किया जाता है, जिससे नाक का बलगम व गंदगी साफ हो जाती है और बंद नाक में आराम मिलता है|

इसके लिए आप नेटी पॉट (बर्तन) का इस्तेमाल कर सकते हैं| नेटी पॉट (बर्तन) दवा की दुकानों में आसानी से मिल जाता है या आप इसे ऑनलाइन खरीद सकते हैं| उस पर लिखे निर्देशों को ध्यानपूर्वक पढ़िए और हर बार इस्तेमाल के पहले इस बर्तन को उबलते पानी में साफ कीजिये| नमक का पानी बनाने के लिए स्वच्छ पानी ही इस्तेमाल करें|

नाक साफ करने के लिए नेति पॉट (बर्तन) इस्तेमाल कीजिये
खर्राटों से निजात पाने के लिए नाक को साफ रखिये
  • नेटी पॉट (बर्तन) में नमक का पानी भर लीजिये|
  • नेटी पॉट (बर्तन) का इस्तेमाल करते समय सिंक के पास खड़े होइए, ताकि नमक का पानी जमीन पर न फैले क्योंकि इस क्रिया में आपको नाक के एक छेद से पानी डालना है और दूसरे छेद से निकालना है|
  • आराम से खड़े हो जाइए और यह प्रक्रिया करते समय मुंह से सांस लीजिये|
  • अपने सिर को एक ओर झुकाइये, जिससे आपका सिर जमीन के सामानांतर हो जाए|
  • नेटी पॉट (बर्तन) के आगे के निकले हुए भाग को नाक के ऊपर वाले छेद में रखिये, ताकि नाक के नीचे वाले छेद से पानी बाहर निकल सके|
  • नाक के ऊपर वाले छेद में नमक का पानी डालिए और इसे नाक के दूसरे छेद से बाहर आने दीजिये| इसमें कुछ सेकंड लग सकते हैं| इसलिए घबराइये नहीं|
  • आधे पानी से नाक के एक छेद और बाक़ी आधे पानी से नाक के दूसरे छेद को साफ कीजिये|
  • अब सीधे खड़े हो जाइए और नाक से बाहर की ओर साँसे छोड़िये, ताकि नमक का पानी नाक में न रह जाए|
  • फिर बचे हुए पानी से नाक के दूसरे छेद में ऐसा ही कीजिये|
  • फिर से नाक से बाहर की ओर साँसे छोड़िये, ताकि नमक का पानी पूरी तरह से नाक से बाहर आ जाए|

दो बार ऐसा करने के बाद आपको काफी हल्का महसूस होगा| यह पूरी प्रक्रिया करने में पांच मिनट का समय लगता है| अगर नमक का पानी आपके गले में चला जाता है, तो आप इसे थूक दीजिये| यह खर्राटे बंद करने का एक आसान उपाय है|

Advertisements

साइनस में जमाव लगने पर आप दिन में एक या दो बार नेटी पॉट (बर्तन) में नमक का पानी भरकर नाक को साफ कर सकते हैं| ऐसा करने से आपके खर्राटे बंद हो जायेंगे|

# नाक की स्ट्रिप्स

रात को सोते समय नाक की स्ट्रिप्स का इस्तेमाल कीजिए
नाक की स्ट्रिप्स का इस्तेमाल खर्राटे बंद करने का एक उपाय है

बंद नाक के कारण खर्राटे आने पर नाक की स्ट्रिप्स के इस्तेमाल से आपको काफी आराम मिलेगा| नाक की स्ट्रिप्स इस तरह से बनी होती है कि आप आराम से सांस ले पायें, जिससे आपको नाक बंद होने से खर्राटे नहीं आयेंगे|

बाजार में कई ब्रांड्स की अलग-अलग तरह की नाक की स्ट्रिप्स मिलती हैं| नाक की स्ट्रिप्स; स्प्रिंग के जैसे लचीले पदार्थ की बनी होती हैं|

  • जब आप नाक की स्ट्रिप्स को नाक पर लगाते हैं, तो इन्हें नाक के ऊपर से थोड़ा-सा खींचकर लगाया जाता है|
  • जब यह लचीला पदार्थ वापस अपनी अवस्था में आ जाता है, तो यह नाक के किनारों के भाग को ऊपर उठा देती है, जिससे नाक का मार्ग खुल जाता है और आप बिना रुकावट सांस ले पाते हैं|

विधि 2: अरोमा थेरेपी

अरोमा थेरेपी में एसेंसियल ऑयल का इस्तेमाल किया जाता है| खर्राटों को कम करने के लिए यह थेरेपी काफी सहायक होती है| खर्राटों को बंद करने के लिए एसेंसियल ऑयल का इस्तेमाल सफल सिद्ध हुआ है|

Advertisements

साइनस में आई सूजन को कम करने के लिए पेपरमिंट एसेंसियल ऑयल सहायक होता है और यह नाक के मार्ग को भी खोल देता है, जिससे खर्राटे कम हो जाते हैं| आप खर्राटों के इलाज के लिए कई तरह से एसेंसियल ऑयल का इस्तेमाल कर सकते हैं|

खर्राटों को रोकने क लिए अरोमा थेरेपी काफी कारगर होती है
खर्राटों को बंद करने के लिए एसेंसियल ऑयल का उपयोग कीजिये
  • रुई में थोड़ा-सा एसेंसियल ऑयल लेकर इसे सूंघिए|
  • एक बर्तन में पानी को उबाल लें| इसमें एसेंसियल ऑयल की कुछ बूँदें डालकर इस पानी से भाप लीजिये| भाप लेते समय अपने सिर को एक तौलिया से ढक लीजिये|
  • अपने कमरे में खुशबू फैलाने वाली मशीन (डिफ्यूजर मशीन) का इस्तेमाल कीजिये|
  • एक कप (लगभग 250 मिली0) गुनगुने पानी में एसेंसियल ऑयल की दो से तीन बूँदें डालिए और इस पानी से गरारा कीजिये|
  • सोने से पहले अपनी नाक के अंदर एसेंसियल ऑयल की एक या दो बूँदें डालिए|
  • एसेंसियल ऑयल को समान मात्रा के नारियल तेल में मिलाइए और सोने से पहले इस मिश्रण से अपनी छाती, कंधों, गले और पैरों के तलवों में मालिश कीजिये| आप नारियल तेल की जगह किसी अन्य तेल का भी चयन कर सकते हैं|

विधि 3: सेब का सिरका

उपापचय के असंतुलन के कारण हमें खर्राटे आते हैं| लम्बे समय तक काम करते रहने से आपको मानसिक और शारीरिक थकावट होती है| खान-पान की खराब आदतों, अल्कोहल के अत्यधिक सेवन और धूम्रपान करने से आपकी उपापचय की क्षमता नष्ट होती जाती है| इससे खर्राटे लेने की समस्या हो सकती है|

कुछ अध्ययनों में बताया गया है कि उच्च रक्त चाप भी खर्राटे आने का एक कारण हो सकता है| साथ ही, सुस्त जीवनशैली से गले में वसा की अतिरिक्त कोशिकाएं जमा हो जाती हैं, जिससे गले का मार्ग संकरा/पतला हो जाता है और गले की कोशिकाओं के स्थूल हो जाने से खर्राटे आने लगते हैं|

उपापचय को ठीक करने के लिए सेब के सिरके का सेवन किया जा सकता है| सेब का सिरका शरीर के pH स्तर को भी नियंत्रित करता है और भविष्य में होने वाली खर्राटे की समस्या से निजात दिलाता है|

आवश्यक सामग्री:

सेब के सिरके के इस्तेमाल के लिए आवश्यक सामग्री

Advertisements
  • सेब का सिरका – दो बड़े चम्मच (लगभग 30 मिली0)
  • गर्म पानी – एक कप (लगभग 250 मिली0)

गर्म पानी में सेब का सिरका मिलाइए

सेब के सिरके को गर्म पानी में डालिए

एक कप गर्म पानी में दो बड़े चम्मच सेब का सिरका डालकर अच्छे से मिला लीजिये|

खर्राटे बंद करने के उपाय का दिन में दो बार उपयोग कीजिये| अगर आपको सेब के सिरके का स्वाद अच्छा नहीं लगता है, तो आप सेब के सिरके के कैप्सूल का भी सेवन कर सकते हैं|

सेब के सिरके का पेय तैयार है
सेब के सिरके के सेवन से भविष्य में होने वाली खर्राटों की परेशानी से बचा जा सकता है

विधि 4: हर्बल चाय

अगर आपको कुछ विशेष प्रकार के फूलों से एलर्जी है, तो आपको नाक में सूजन की समस्या बनी रहती होगी, जिससे खर्राटों की परेशानी हो सकती है| हर्बल चाय के सेवन से आप इन खर्राटों से छुटकारा पा सकते हैं|

सोने से आधे घंटे पहले गर्म हर्बल चाय के सेवन से आपके शरीर और दिमाग को काफी आराम मिलता है और आपको अच्छी नींद आती है| कैमोमाइल की चाय सूजन खत्म करने और आराम पहुँचाने के लिए जानी जाती है| खर्राटों के लिए कैमोमाइल की चाय काफी लोकप्रिय है| यूकेलिप्टस, मार्जरम, पहाड़ी पुदीना और नेटल से बनी हर्बल चाय भी खर्राटों का इलाज करने के लिए सहायक हैं|

आवश्यक सामग्री:

हर्बल चाय बनाने के लिए आवश्यक सामग्री

  • कैमोमाइल टी बैग – एक
  • गर्म पानी – एक कप (लगभग 250 मिली0)

1. कैमोमाइल टी बैग को गर्म पानी में रखिये

टी बैग को गर्म पानी में डालिए

  • एक कप गर्म पानी में एक कैमोमाइल टी बैग डालें|
  • इसे तीन से पांच मिनट तक पानी में ही रहने दें|

2. टी बैग को पानी से निकाल दें

कैमोमाइल टी बैग को गर्म पानी में से निकल दीजिये

  • अब पानी से टी बैग को निकाल दें|
  • आप तैयार चाय में शहद भी मिला सकते हैं|
  • तैयार कैमोमाइल चाय का सेवन कीजिये|

खर्राटे बंद करने के उपाय का दिन में दो बार प्रयोग कीजिये| हर्बल चाय का सेवन खर्राटे बंद करने का एक घरेलू उपाय है|

कैमोमाइल की हर्बल चाय तैयार है
हर्बल चाय के सेवन से खर्राटे बंद हो जाते हैं

विधि 5: व्यायाम

अगर आपके गले की मांसपेशियाँ स्थूल हैं और बेढंगी आकार की हैं, तो इससे भी आपको खर्राटे आ सकते हैं| अगर आपका वजन अधिक है और आप मोटापे के शिकार हैं, तो संभवतः आपको खर्राटे आते होंगे| व्यायाम करने से आपको इस समस्या से निजात मिलेगा|

जब आपके गले में अतिरिक्त वसीय कोशिकाएं जमा हो जाती हैं, तो गले की कोशिकाएं कमजोर हो जाती हैं और सोते समय एक जगह इकठ्ठा हो जाती हैं| ऐसा होने से सोते समय जब आप सांस लेते हैं, तो आपको सांस अंदर लेने में ज्यादा ताकत लगानी पड़ती है, जिससे ऊतकों में कम्पन होने लगता है और खर्राटे आने लगते हैं|

आप गले की मांसपेशियों को आराम देने के लिए गले और सांस वाले कुछ व्यायाम कर सकते हैं, जिससे खर्राटों में काफी हद तक कमी आएगी|

Advertisements

# प्राणायाम

सांस लेने में तकलीफ होने पर ताकत लगाकर सांस लेना पड़ता है, जिससे खर्राटे आते हैं| प्राणायाम करने से सांस लेने वाली मांसपेशियाँ मजबूत बनती हैं और नियमित रूप से यह व्यायाम करने से आप सोते समय सरलता से सांस ले सकते हैं| योग गुरु की सहायता लेकर आप इस व्यायाम को घर पर ही कर सकते हैं| यह खर्राटे बंद करने का एक आसान उपाय है|

खर्राटे बंद करने के लिए प्राणायाम कीजिये
प्राणायाम करने से खर्राटों से निजात मिलता है
  • एक समतल स्थान पर अपनी पीठ को सीधा करके बैठ जाइए|
  • अपनी बायीं हथेली को बाएं घुटने के ऊपर रखिये| अपने दायें (सीधे) हाथ की पहली और बीच वाली उंगली को माथे पर रखिये और एक गहरी सांस लीजिये|
  • अब हाथ के अंगूठे से नाक के दाएं छेद को बंद कीजिये और बायें छेद से गहरी सांस लीजिये|
  • अब अनामिका उंगली (रिंग फिंगर) से नाक के बाएं छेद को बंद कीजिये और एक सेकंड के लिए रुकिए |
  • नाक के दाएं छेद को खोल दीजिये और इससे सांस छोड़िये|
  • अब नाक के दाएं छेद से सांस लेकर फिर दायें छेद को बंद करके एक सेकंड का ब्रेक लीजिये|
  • फिर नाक के बाएं छेद को खोलकर इससे सांस बाहर छोड़िये|
  • खर्राटों में आराम पाने के लिए दिन में पांच से दस बार यह प्रक्रिया दोहराइए|

# गले के व्यायाम

आप अपने गले की मांसपेशियों को मजबूत बनाने के लिए कई व्यायाम कर सकते हैं, जिससे आपके खर्राटे बंद हो जायेंगे| खर्राटे आने वाले भाग पर अधिक व्यायाम की जरूरत होती है; जैसे जीभ और गला|

जीभ और गले से व्यायाम कीजिये
गले का व्यायाम करने से मांसपेशियां मजबूत बनती हैं और खर्राटे कम हो जाते हैं
  • अंग्रेजी वर्णमाला के स्वर (ए, ई, आइ, ओ, यू) को तीन मिनट तक तेज आवाज में बोलने से गले की मांसपेशियों को आराम मिलता है| जब तक आपको खर्राटों में आराम नहीं मिल जाता, तब तक आप दिन में कई बार स्वरों को बोल सकते हैं|
  • आपको दिन में दो बार अपने होंठों को तीस सेकंड के लिए सिकोड़ना है|
  • अपने मुंह को थोड़ा-सा खोलकर जबड़े को बायीं ओर घुमाइए| तीस सेकंड तक मुंह को ऐसे ही बनाये रखिये| फिर जबड़े को दायीं ओर घुमाकर तीस सेकंड तक ऐसे ही रखिये| प्रतिदिन इसका अभ्यास कीजिये|
  • जीभ के आगे के भाग को ऊपरी दांतों के पीछे रखिये| धीरे-धीरे जीभ को पीछे की ओर ले जाइए| प्रतिदिन तीन मिनट तक ऐसा कीजिये|
  • पूरी जीभ को मुंह के ऊपर के भाग में दबाइए| जीभ को तीस सेकंड तक ऐसे ही रखे रहिये| तीन मिनट तक इसका अभ्यास कीजिये|

सुझाव

  • अच्छी नींद के लिए कुछ औषधियों का उपयोग कीजिये| इससे आपके गले की मांसपेशियों को आराम मिलेगा और सांस लेने में कोई रुकावट नहीं आएगी| अगर आप किसी तरह का इलाज कर रहे हैं, तो अपने डॉक्टर से पूछिए कि आपको किस वजह से खर्राटे आते हैं और उसका सही उपचार भी पूछिए|
  • आप बंद नाक के कारण आने वाले खर्राटों को ठीक करने के लिए सेब के सिरके से भी भाप ले सकते हैं| भाप लेने वाले गर्म पानी में सेब का सिरका मिलाइए और अपने सिर को तौलिया से ढककर भाप लीजिये|
  • अल्कोहल का सेवन कतई न करें और अत्यधिक धूम्रपान से बचें| यह भी खर्राटे आने का एक कारण हो सकता है|
  • ऊपर बताये गए खर्राटे बंद करने के उपाय काफी सहायक हैं|
  • बढ़ती उम्र के कारण आने वाले खर्राटों को अपने खान-पान और जीवन शैली में बदलाव करके रोका जा सकता है|
Advertisements